उत्तराखंड में त्रिपाठी कांड ! क्या विधायक ACS के दस्तखत वाला फ़र्ज़ी पास लेकर निकले थे?

चमोली (जितेंद्र पंवार)। उत्तरप्रदेश के मुखयमंत्री योगी आदित्यनाथ के पितृ पूजन के लिए 11 लोगों के साथ बद्रीनाथ जाने की कोशिश करने वाले यूपी के विधायक अमन मणि त्रिपाठी का मामला जोर पकड़ रहा है। इस मामले पर अब राजनीति गरमानी भी तय है।

दरअसल विधायक अमन मणि त्रिपाठी और उनके साथी 3 इनोवा कारों में सवार होकर बद्रीनाथ के लिए निकले थे। लेकिन उनको कर्णप्रयाग से प्रशासन ने वापस लौटा दिया। रोके जाने पर विधायक ने पुलिस और प्रशासन के लोगों के साथ बदतमीज़ी भी की। बताया गया है कि एसडीएम वैभव गुप्ता और अन्य प्रशासनिक कर्मचारियों के काफी समझाने के बाद विधायक अपने साथियों को लेकर वापस लौटने के लिए राजी हुए।

बताया गया है कि कर्णप्रयाग से पहले उनको गौचर चेकपोस्ट पर भी रोका गया था लेकिन सत्ता की धौंस दिखाकर वे वहा से जबरन निकल गए। बाद में पुलिस ने सूचना मिलने पर उन्हें कर्णप्रयाग में रोका। यहाँ भी उन्होंने बहुत बहस की और अभद्र व्यवहार किया। एसडीएम वैभव गुप्ता ने बताया कि हम विधायक जी को सिर्फ नियमो का हवाला दे रहे थे। आगे पढ़िए….

 

विधायक के पास देहरादून से बद्रीनाथ और वहाँ से दून लौटने के लिए 3 दिन की यात्रा का एक पास था। ये पास अपर मुख्य सचिव ओमप्रकाश के हस्ताक्षर वाला था। इस पास पर लिखा था कि विधायक और उनके साथी उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के पितृ पूजन के लिए बद्रीनाथ जा रहे हैं, इनको यात्रा की अनुमति दी जाए।

अब सवाल उठता है कि क्या ये पास फ़र्ज़ी था? अगर नहीं तो चमोली प्रशासन ने विधायक और उनके साथियों को क्यों नही जाने दिया?

आपको बता दें कि बद्रीनाथ धाम के कपाट अभी बंद हैं और 15 मई को खुलेंगे, तो इन लोगो को कपाट खुलने से पहले बद्रीनाथ जाने की अनुमति क्यों दी गयी।

एक सवाल और, विधायक और उनके साथ यात्रा करने वाले लोगों में से कोई भी योगी आदित्यनाथ का रिश्तेदार अथवा परिवार जे जुड़ा नही है, तो फिर ये लोग उनके पिता का पूजन करने क्यों जा रहे थे।

यह खबर भी नेटवर्क 10 टीवी को मिली है कि विधायक और उनके साथी यमकेश्वर की तरफ भी गए थे लेकिन आधे रास्ते से लौट आये। ऐसा उन्होंने क्यों किया?

चमोली के एसडीएम गुप्ता ने बताया कि बहुत बहस करने के बाद ही विधायक अमन मणि त्रिपाठी कर्णप्रयाग से लौटे। आपको बता दें कि अमनमणि त्रिपाठी उत्तरप्रदेश के कद्दावर और दबंग नेता रहे अमरमणि त्रिपाठी के बेटे हैं।

बहरहाल दाल में बहुत कुछ काला दिख रहा है। उम्मीद की जानी चाहिए कि इस मामले की जांच होगी और हकीकत सबके सामने आएगी।