सितारगंज : खनन वाहन की टक्कर से पिता-पुत्र की मौत होने के बाद मंगलवार को प्रशासन ने ग्राम सिसौना स्थित पंचायत घर में ग्रामीणों, स्टोन क्रशर संचालकों के साथ बैठक की। जिसमें ग्रामीणों ने खनन वाहन के लिए वैकल्पिक मार्ग की मांग की। इसके बाद अधिकारियों ने क्षेत्र का निरीक्षण कर वैकल्पिक मार्ग पर मंथन किया। साथ ही उच्च अधिकारियों से वार्ता कर कार्रवाई का भरोसा दिया।
दो जनवरी को गांव में शनि मंदिर में पूजा करने जा रहे सिसौना स्थित ग्राम बरुआ बाग हाल निवासी 42 वर्षीय चंद्रमा प्रकाश तिवारी व उनके 14 वर्षीय पुत्र आलोक तिवारी की ट्रैक्टर ट्रॉली की टक्कर से मौत हो गई थी। इस पर ग्रामीणों ने खनन वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्ग बनाने व मृतक के आश्रितों को मुआवजा देने की मांग की थी। सोमवार को राजकीय महाविद्यालय के विद्याíथयों ने भी धरना प्रदर्शन कर रोष जताया था। इसी क्रम में मंगलवार को पंचायत घर में बैठक हुई और कई ग्रामीणों ने अपनी मांगें रखीं।
बैठक में तहसीलदार परमेश्वरी लाल, सीओ सुरजीत कुमार, कोतवाल सलाउद्दीन खां, सिडकुल चौकी प्रभारी सुरेंद्र सिंह, सिसौना ग्राम प्रधान कुलदीप सिंह, गिरीश तिवारी, जया जोशी, पवन कोहली, विपिन गुप्ता, सत्येंद्र सिंह, किशन सिंह के साथ क्रशर संचालक आदि मौजूद थे।
स्टोन क्रशर स्वामियों ने भी रखा पक्ष
स्टोन क्रशर संचालकों ने कहा कि अगर कुछ दिन क्रशर का संचालन बंद रखने से ग्रामीणों की समस्याओं का समाधान होता है तो क्रशर का संचालन नहीं करेंगे। चोरगलिया स्टाप बंद से मार्ग पर बड़ा वाहनों का दबाव सितारगंज: क्षेत्र में संचालित खनन पट्टों की अगर बात करें तो इनमें कुल करीब हजार वाहनों का आवागमन होता है। चोरगलिया खनन स्टाप बंद होने से करीब दो हजार वाहनों का आवागमन सितारगंज मार्ग से हो रहा है। जिससे आए दिन सितारगंज सिडकुल मार्ग पर भारी जाम की दशा बनी रहती है।
ग्रामीणों की मांगे
– सड़क के गड्ढों को भरा जाए
– क्रशर संचालक मार्ग पर प्रतिदिन पानी का छिड़काव करें
– मानकों के अधीन संचालित हो स्टोन क्रशर
-वैकल्पिक मार्ग तय होने पर ही स्टोन क्रशर शुरु हो
– चोरगलिया खनन स्टाप को चालू किया जाए
– पीड़ित परिवार को आíथक मदद के साथ पुत्र विक्रांत तिवारी को 18 वर्ष के बाद नौकरी दी जाए
– राजकीय महाविद्यालय से लेकर पूरे सिडकुल रोड पर न्यूनतम स्पीड मार्ग का बोर्ड लगाया जाए
– बमनपुरी बरवा से लेकर शक्ति फार्म मोड़ के बीच स्पीड ब्रेकर का निर्माण किया जाए
