हरिद्वार: उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूड़ी (से.नि.) को बुधवार को हरिद्वार स्थित खड़खड़ी श्मशान घाट पर पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई। उनकी अंतिम यात्रा में जनसैलाब उमड़ पड़ा और हजारों लोगों ने नम आंखों से उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।
सेना और पुलिस के जवानों ने गार्ड ऑफ ऑनर देकर पूर्व मुख्यमंत्री को अंतिम सलामी दी। उनके पुत्र मनीष खंडूरी ने मुखाग्नि दी। महामंडलेश्वर कैलाशानन्द गिरी सहित संतगणों ने अखाड़े की परंपरा तोड़ते हुए खड़खड़ी श्मशान घाट पर ही खंडूड़ी को श्रद्धासुमन अर्पित किए।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, केंद्रीय विद्युत मंत्री मनोहर लाल खट्टर, पूर्व राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी, पूर्व मुख्यमंत्रियों विजय बहुगुणा, डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक, तीरथ सिंह रावत सहित अनेक केंद्रीय एवं राज्य मंत्रियों, सांसदों, विधायकों और जनप्रतिनिधियों ने अंतिम संस्कार में शिरकत की।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा, “मेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूड़ी का निधन राज्य और देश के लिए अपूरणीय क्षति है। उन्होंने सेना, केंद्र सरकार और मुख्यमंत्री के रूप में पारदर्शिता और अनुशासन के साथ उत्कृष्ट कार्य किए। वे हम सभी के लिए सदैव प्रेरणा स्रोत रहेंगे। उनकी कमी एक अभिभावक के रूप में हमेशा महसूस होगी।”
केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा, “जनरल खंडूड़ी का जीवन सादगी, अनुशासन और ईमानदारी का जीवंत उदाहरण रहा। उन्होंने हर पद पर पूरी निष्ठा से दायित्व निभाया। सुशासन और लोकपाल जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर उनका योगदान हमेशा याद रखा जाएगा।”