व्यापारी देश की आर्थिकी की रीढ़ है, लघु एवं मझोले कारोबार को आसान बनाने की जरूरत: नरेश बंसल

  • कारोबारी के स्वाभिमान के लिये हम सभी मिलकर काम करें : नरेश बंसल
  • देश में रोजगार देने में कारोबारियों की भूमिका 45 % से अधिक है

नई दिल्ली:  राज्यसभा सदस्य नरेश बंसल ने कहा है कि छोटे एवं मझोले कारोबारी देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ होते हैं और उनके लिए कारोबार करना आसान बनाने की सख्त जरूरत है। बंसल ने रविवार को यहां फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया व्यापार मंडल के राष्ट्रीय सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि कारोबारी देश की अर्थव्यवस्था का अभिन्न अंग हैं। राष्ट्रीय स्तर पर रोजगार देने में कारोबारियों की भूमिका 45 प्रतिशत से अधिक होती है। व्यापारी देश की आर्थिक रीढ़ हैं और वे स्वाभिमान से कारोबार करते रहें इसके लिए सभी को मिलकर काम करने की आवश्यकता है।

उन्होंने कहा कि कारोबारियों की समस्याओं का समाधान होना चाहिए और उनके सामने जो दिक्कतें आती है उनको लेकर सरकार से बातचीत जारी रहनी चाहिए क्योंकि निरंतर संवाद से ही हर समस्या का समाधान होता  है।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए चार्टर्ड अकाउंटेंट इंस्टीट्यूट के सेंट्रल काउंसिल के सदस्य अनूप गोयल ने छोटे कारोबारियों को देश के आर्थिक विकास के लिए महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि उनके हित में आयकर प्रावधान की तरह ही फेसलेस जीएसटी लागू होना चाहिए।

फेडरेशन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजेश्वर पैन्यूली ने कहा कि सम्मेलन में जो विचार सामने आए हैं उनको मिलकर लागू करने की दिशा में तत्काल प्रयास किए जाने चाहिए।